बाहरी संवेदनाओं को त्यागने के माध्यम से, भ eyebrows के बीच उसकी दृष्टि सही होती है; नासिका में प्रवेश करने और बाहर निकलने वाली श्वास की गति समान होती है।
भगवान श्री कृष्ण
🧘 आंतरिक शांति, तुम्हारे मन को एकाग्र करने का मार्ग
भगवान कृष्ण त्याग के महत्व को समझाते हैं। मन की शांति प्राप्त करने का यह मार्ग है।
- आंतरिक शांति — बाहरी भावनाएँ मन की शांति को बाधित करती हैं।
💭 तुम्हारी मन की शांति को बाधित करने वाली बाहरी भावनाएँ क्या हैं?
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भगवद गीता की व्याख्याएँ AI द्वारा जनित हैं; उनमें त्रुटियाँ हो सकती हैं।